भारत के राष्ट्रपति कौन है 2021 | और उनका कार्यकाल समय क्या है?

क्या आपको पता है भारत के राष्ट्रपति कौन है? क्या आप यह जानना चाहते है अगर हाँ तो दी गए जानकारी को ध्यान से पढ़े| अगर आप एक हिंदुस्तानी है तो आपको देश से जुडी हुई ऐसी महतपुराव जानकारी के बारे में मालूम होना चाहिए| और जो लोग किसी सरकारी टेस्ट की तयारी कर रहे है तो उनके लिए भी ये जानकारी बहुत जरूरी है क्यंकि अक्सर ऐसे जरनल नॉलेज वाली बाते पेपर में पूछी जाती है| 

आप में से बहुत सारे लोग भारत के प्रधानमंत्री के बारे में जानते होंगे क्यंकि अक्सर ही प्रधानमत्री के बारे में अख़बार और न्यूज़ चैनल्स में बताया जाता है परन्तु राष्ट्रपति एक ख़ास और उचतम्म पद है जिसके बारे में बहुत ख़ास विषय पर ही चर्चा की जाती है| ऐसे में बहुत से लोग होंगे जिनको भारत के प्रधानमंत्री कौन है इसके बारे में भी मालूम नहीं होगा| 

आज हम इसके बारे में भी आपको बताएगे| आपको मालुम ही होगा की देश की सारी बागडोर प्रधानमंत्री के हाथो में होती है| लेकिन इसके बावजूद भी राष्ट्रपति देश का ख़ास पद्द ही माना जाता है| 

भारत के राष्ट्रपति भारत के राज्य के प्रमुख और भारतीय सशस्त्र बलों के सर्वोच्च कमांडर होते हैं। और राष्ट्रपति को भारत के पहले नागरिक के रूप में जाना जाता है। हालांकि, भारत के संविधान द्वारा प्रदान की गयी यह शक्तियां काफी हद तक एक औपचारिक है और यह कार्यकारी शक्तियां हमारे देश के प्रधानमंत्री के द्वारा प्रयोग की जाती हैं।

हर देश को चालाने के लिए कुछ ख़ास पद नियुक्त किये जाते है और इन ख़ास पद्दो में से एक पद राष्ट्रपति का होता है| हर एक देश को चलाने के लिए और देश को सही ढंग से चलने के लिए और उस देश के कानून व्य्वस्था को सविधान के अनुसार चलन जरुरी होता है| और इसके लिए निति और योजनाए बनाई जाती है और उन योजनाओ को लागू करने और ढंग से चलने के लिए ख़ास पद नियुक्त किये जाते है| और उसके लिए प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति नियुक्त किये जाते है| 

जैसे की हमने बताया हमारे देश में प्रधानमंत्री के हाथो में सबसे ज्यादा शक्ति होती है लेकिन कुछ देशों में ऐसा नहीं है उन देशों में देश की बागडोर और शक्तियां देश के राष्ट्रपति के हाथो में होती है जैसे की अमेरिका| अमेरिका एक ऐसा देश देश है जिसमें राष्ट्रपति के पास शक्ति (power) ज्यादा है और देश के सारे निर्णायक फैसले वहां राष्ट्रपति ही करता है| 

इसके इलावा हम आपको बताना चाहेंगे कि देश के कानून को चलाने के व्यक्तियों का चुनाव किया जाता है और यह चुनाव किसी न किसी पार्टी के द्वारा ही किया जाता है|

भारत की राजनीतिक पार्टियां कौन सी है?

अगर हम भारत कि बात करे तो भारत में ऐसी के राजनीतिक पार्टियां है जिन्होंने अलग अलग राज्य में अपनी पार्टी को मजबूत कर सरकार बनाई हुई है| और देश में ऐसी बहुत सी क्षेत्रीय पार्टियां है जिन्होंने अलग अलग राज्य में अपनी अपनी पार्टियां बनाई हुई है| अगर हम राजनीतिक पार्टियों की बात करे तो भारत में 2 राजनीतिक पार्टियां हैं| जिसमे से एक है इंडियन नेशनल कांग्रेस जिसे भारतीय कांग्रेस कहा जाता है और दूसरी पार्टी है भारतीय जनता पार्टी|        

जब भारत आज़ाद हुआ था तो तब से लेकर अब तक अलग अलग लोग भारत के राष्ट्रपति बने| क्या आपको मालूम है भारत के राष्ट्रपति कौन है| वह कब राष्ट्रपति बने ये सारी महत्वपूर्ण जानकारी हम आपको इस पोस्ट के जरिये बताएगे| 

भारत के राष्ट्रपति कौन है?

आज के मौजूदा राष्ट्रपति का नाम राम नाथ कोविंद है जो की साल 2017 में भारत के 14वे राष्ट्रपति बने है| इनका जन्म 1 अक्टूबर 1945 में बिहार के एक छोटे से गाँव में हुआ था| राष्ट्रपति बनने से पहले वह बिहार के गवर्नर भी रहे है और 8 अक्टूबर 2015 से 2017 तक बिहार के राज्यपाल थे| 1994 से 2006 तक वह संसद के सदस्य भी रहे है| राम नाथ कोविंद भारत के दूसरे दलित राष्ट्रपति बने है इससे पहले केआर नारायणन भारत के पहले दलित राष्ट्रपति बने थे| इसके अलावा वह भारतीय जनता पार्टी के पहले अध्यक्ष है| 

रामनाथ कोविंद जी ने बीए और एलएलबी की डिग्री भी हासिल की है इसके अलावा इन्होने आईएएस की परीक्षा भी दी थी जिसमे वह सफल भी रहे हैं इसके बावजूद इन्होंने आईएएस का पद ग्रहण नहीं किया था| 

प्रणव मुखर्जी (2012-2017)

प्रणव मुखर्जी भारत के 13वे राष्ट्रपति बने| इनका जन्म पश्चिम बंगाल राज्य में 11 दिसंबर 1935 को हुआ और मृत्यु 3 अगस्त 2020 को हुई| प्रणव मुखर्जी ने इतिहास और राजनीती शास्त्र में ग्रेजुएशन किया हुआ था| और साथ ही में कानून की पढ़ाई भी की हुए थी| प्रणव मुखर्जी पहले कांग्रेस पार्टी से संबंध रखते थे परन्तु बाद में कांग्रेस पार्टी के नेता राजीव गाँधी के साथ कुछ मतभेद होने की वजह से इन्होने पार्टी को छोड़ दिया और अपनी एक नई पार्टी का गठन किया और जिसका नाम राष्ट्रीय समाजवादी कांग्रेस रखा| 

इसके अलावा सन 1999 से 2012 तक प्रणव मुखर्जी केंद्रीय चुनाव आयोग के अध्यक्ष भी रह चुके है| पीवी नरसिम्हा राव ने अपने कार्यकाल के दौरान अर्णव मुखर्जी को चुनाव योजना आयोग का अध्यक्ष बनाया था| इसके अलावा अर्णव मुखर्जी ने भारत सरकार के वित्त मंत्री, विदेश मंत्री, रक्षा मंत्री और योजना आयोग के उपाध्यक्ष जैसे कैबिनेट मंत्रालय में विभिन्न पदों पर कार्य किया। सन 1997 में इनको सबसे अच्छे सांसद का अवार्ड भी दिया गया| इसके बाद 2008 में इनको हमारे देश के दूसरे सबसे बड़े सम्मान “पद्मश्री” और 2013 में बांग्लादेश के दूसरे सबसे बड़े अवॉर्ड “बांग्लादेश लिबरेशन फोर्स ऑनर” से सम्मानित किया गया।

प्रतिभा सिंह पाटिल (2007-2012)

प्रतिभा पाटिल का जन्म 19 दिसंबर साल 1934 में महाराष्ट्र के नंद गांव में हुआ था प्रतिभा पाटिल भारत देश की 12वीं राष्ट्रपति बनी थी| वह राजस्थान की पहली महिला राज्यपाल भी बनी थीं और प्रतिभा पाटिल सुखोई विमान उड़ाने वाली भारत की पहली महिला राष्ट्रपति बनी थी। 

प्रतिभा पाटिल को 1962 से लेकर 1985 तक लगातार पांच बार महाराष्ट्र की विधानसभा अध्यक्ष बनने का गौरव भी प्राप्त है| और फिर साल 1985 में ऑल इंडिया कांग्रेस कमेटी की मेम्बर, साल 1988 में राष्ट्रमंडल प्रेसीडेंसी अधिकारी सम्मेलन में मेंबर और फिर 1988 से लेकर सन 1990 तक महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष भी रह चुकी है| अगर उनकी पढाई की बात करे तो उन्होंने कानून की पढ़ाई की है और इसके साथ ही इन्होंने राजनीति शास्त्र और अर्थशास्त्र में मास्टर की डिग्री भी हासिल की थीं।

डॉ एपीजे अब्दुल कलाम (2002-2007)

डॉ एपीजे अब्दुल कलाम भारत के 12वे राष्ट्र्पत बने थे और इनका जन्म 15 अक्टूबर 1931 को तमिलनाडु के एक गाँव रामेश्वरम में हुआ था और इनकी मृत्यु 27 जुलाई साल 2015 में हुई थी। 1974 और 1998 में भारत द्वारा किये गए परमाणु परीक्षण में डॉ एपीजे अब्दुल कलाम का खास योगदान था| 1997 में डॉ एपीजे अब्दुल कलाम को भारत देश के सबसे बड़े पुरस्कार “भारत रत्न” पुरस्कार से सम्मानित किया गया इससे पहले डॉ एपीजे अब्दुल कलाम को 1981 में पद्मभूषण और साल 1990 में पद्म विभूषण का पुरस्कार से सम्मानित किया गया|

डॉ एपीजे अब्दुल कलाम भारत के राष्ट्रपति बनने से पहले एक शिक्षक और इंजीनियर थे और वैज्ञानिक थे जिन्होंने भारत के बैलिस्टिक मिसाइल और परमाणु हथियार कार्यक्रमों के विकास में एक अहम् भूमिका निभाई थी।और इनको मिसाइल मैन के नाम से भी जाना जाता था| डॉ साहब एक ऐसे वैज्ञानिक थे जिनके नेतृत्व में भारत ने उपग्रह, रोहिणी-1, पृथ्वी और अग्नि मिसाइलों का सफल परीक्षण किया था| उन्हें लोकप्रिय “पीपुल्स प्रेसिडेंट” के रूप में जाना जाता था| 

के आर नारायणन(1997-2002)

के आर नारायण भारत के दसवें राष्ट्रपति थे और भारत के पहले दलित राष्ट्रपति थे| इनका जन्म 27 अक्टूबर सन 1920 में केरल के त्रावणकोर में हुआ था और यह भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी से संबंध रखते थे| इन्होंने 10 अप्रैल 1945 को भारत के राष्ट्रपिता महात्मा गांधी का इंटरव्यू भी लिया था| 

के आर नारायण भारत की लोकसभा चुनाव में वोट करने वाले और राज्य की विधान सभा को संबोधित करने वाले भारत के पहले राष्ट्रपति बने थे| के आर नारायण तुर्की, चीन, थाईलैंड और अमेरिका जैसे बड़े बड़े देशो में भारत के राजदूत के रूप में भी काम किया हुआ है|  भारत के राष्ट्रपति बनने से पहले 1992 में भारत के उपराष्ट्रपति भी रह चुके हैं व साल 2005 में 9 नवंबर को इनका दिल्ली में निधन हो गया था। के आर नारायण ने विज्ञान और कानून में डॉक्टरेट प्राप्त की हुई थी और कई विश्वविद्यालयों में एक चांसलर भी रहे थे| इसके साथ ही वह जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय के कुलपति भी थे| 

डॉ शंकर दयाल शर्मा(1992-1997)

डॉ शंकर दयाल शर्मा भारत ने 9वे राष्ट्रपति बने थे और इनका जन्म 19 अगस्त साल 1918 में मध्यप्रदेश के भोपाल शहर में हुआ था राष्ट्रपति बनने से पहले डॉ शंकर एक महान पत्रकार भी थे|  उन्होंने अपनी पत्रकारिता  के जरिये साहित्य और इतिहास जैसे विषयों पर काफी लेख भी लिखे थे| डॉ शंकर दयाल शर्मा को शंकराचार्य ने “राष्ट्र रत्नम” की उपाधि प्रदान की थी| डॉ शंकर दयाल शर्मा राष्ट्रपति बनने से पहले मध्य प्रदेश मुख्यमंत्री भी रह चुके है| और इसके अलावा वह पंजाब आंध्र प्रदेश और महाराष्ट्र के राज्यपाल के पद पर भी नियुक्त हो चुके है| 

रानीति के अलावा डॉ शंकर दयाल शर्मा 1940 भारत की स्व्तंत्रता लड़ाई संग्राम में भाग लेने के लिए वह भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी में शामिल हुए थे| इसके अलावा इंटरनेशनल बार एसोसिएशन द्वारा डॉ शंकर दयाल शर्मा को “द लिविंग लीजेंड ऑफ कानून” अवार्ड से सम्मानित किया था|  और फिर 26 दिसंबर साल 1999 को डॉ शंकर दयाल शर्मा का दिल का दौरा पड़ने से दिहंत हो गया| 

आर वेंकटरमण(1987-1992)

आर वेंकटरमण भारत के आठवें राष्ट्रपति बने थे और इस से पहले वह 1984 से लेकर 1987 तक भारत के उपराष्ट्रपति भी रह चुके हैं| आर वेंकटरमण का जन्म 4 दिसंबर 1910 को तमिलनाडु के तंजौर में हुआ था। और उपराष्ट्रपति बनने से पहले वह एक वकील भी रह चुके है| और वह बहुत अच्छे वकील भी थे| उनके सबसे ख़ास बात यह थी उनके कार्यकाल में सबसे अधिक प्रधानमंत्रियो ने शपत ली थी| इसके अलावा वह स्वतंत्रता संग्रामी के साथ साथ अच्छे पॉलिटिशन भी रह चुके है|

जब आर वेंकटरमण भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन में शामिल हुए थे तो अंग्रेज सरकार द्वारा उन्हें जेल में भी डाल दिया गया था  और फिर जेल से रिहा होने के बाद 1950 में वह कांग्रेस पार्टी के सदस्य बने और स्वतंत्र भारत की संविधान सभा के लिए चुने गए और बाद में केंद्र सरकार में शामिल हो गए| केंद्र सरकार में शामिल होने के बाद सबसे पहले वह वित्त मंत्री बने और फिर उद्योग मंत्री बनने के बाद उन्हें भारत के रक्षा मंत्री का पद पर नियुक्त किया गया| 

ज्ञानी जैल सिंह (1982-1987)

ज्ञानी जैल सिंह भारत के सातवें राष्ट्रपति बने| लेकिन राष्ट्रपति  बनने से पहले वह मार्च 1972 में पंजाब के मुख्यमंत्री रह चुके थे और फिर 1980 में केंद्रीय मंत्री का पद भी संभाल चुके थे। वह 1983 से 1986 तक गुटनिरपेक्ष आंदोलन (NAM) के महासचिव भी रहे है| ज्ञानी जैल सिंह का जन्म पंजाब के फरीदकोट जिले में 5 मई 1916 को हुआ था| जिस समय वह राष्ट्रपति बने थे तब उनके कार्यकाल में बहुत घटनाएं घटित हुए थी जैसे की ऑपरेशन ब्लू स्टार, उस समय की प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की हत्या कर दी गई थी और फिर 1984 में सिख हिन्दू का दंगा शुरू हो गया था और फिर 25 दिसंबर साल 1994 में दिल्ली में उनकी मौत हो गयी|

नीलम संजीव रेड्डी (1977-1982)

नीलम संजीव रेड्डी भारत देश के छठे राष्ट्रपति थे इनका जन्म 19 मई 1913 को आंध्र प्रदेश के अनंतपुर में हुआ था राष्ट्रपति बनने से पहले नीलम 1956 में आंध्र प्रदेश राज्य के मुख्यमंत्री बने थे|  और मुख्यमंत्री बनने से पहले वह नशाबंदी और शहद पालन में भी मंत्री पद पर रह चुके है| नीलम संजीव रेड्डी संसद के एकमात्र सदस्य थे जिन्हे आंध्र प्रदेश में चुना गया था|  

1964 से लेकर 1977 तक राज्यसभा के सदस्य भी रह चुके है और इसके इलावा वह स्टील मंत्री भी रह चुके है इसके बाद इन्हे सर्वसम्मति से 26 मार्च 1977 को लोकसभा का अध्यक्ष चुना गया| और 13 जुलाई 1977 को नीलम संजीव ने भारत के राष्ट्रपति बनने के लिए इस कार्यालय को त्याग दिया। रेड्डी भारत के एकमात्र राष्ट्रपति थे जो पहली बार में राष्ट्रपति नहीं बने थे| और फिर जब दूसरी इन्हे राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाया गया तब वह भारत के छठे राष्ट्रपति बने| 

फखरुद्दीन अली अहमद (1974-1977)

फखरुद्दीन अली अहमद भारत देश के पांचवें राष्ट्रपति थे औऱ फखरुद्दीन अली अहमद का जन्म 1905 में 13 मई को दिल्ली के हौज काजी एरिया में हुआ था| 1927 में इन्होने कानून की पढ़ाई करबैरिस्टर की उपाधि प्राप्त की। इसके इलवा वह भारत के राष्ट्रपति बनने से पहले वह एक मंत्री के पद पर भी काम कर चुके है| फखरुद्दीन अली अहमद भारत के दूसरे ऐसे राष्ट्रपति थे जिनका निधन 1977 में अपने राष्ट्रपति कार्यकाल के दुरान हुआ था| फखरुद्दीन अली 25 अगस्त साल 1974 आपातकाल के दौरान भारत के राष्ट्रपति बने थे

इसके इलावा 1966 में फखरुद्दीन अली इंदिरा गांधी की कैबिनेट में भी शामिल हुए थे| यहां रह कर इन्होने अलग अलग पद पर काम किया था| यह इन्होने शिक्षा, औद्योगिक विकास, सिंचाई, कृषि और ऊर्जा मंत्रालय का पद दिया गया| और अंत में 11 फरवरी 1977 को फखरुद्दीन का दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया।

वी वी गिरि (1969-1974)

वराहगिरि वेंकट गिरि भारत के चौथे राष्ट्रपति बने थे| राष्ट्रपति बनने से पहले 1952 में वराहगिरि वेंकट गिरि ने पाठापटनम सीट से लोकसभा का चुनाव भी लड़ा था और वह जीत हासिल कर वह संसद बने| वी वी गिरी पहले मंत्री थे जिन्होंने भारत के कार्यकारी अध्यक्ष के रूप में काम किया| 

इसके इलावा वराहगिरि वेंकट गिरि ने श्रम और रोजगार मंत्री के रूप में भी काम किया है| और सीलोन (श्रीलंका) के उच्चायुक्त के रूप में काम कर चुके थे| वह अपनी वकालत की शिक्षा पूरी करके वह वह स्थानीय बार काउंसिल के नेता भी बने थे। 1975 में वी वी गिरीको भारत के सबसे बड़े पुरस्कार भारत रत्न के साथ सम्मानित किया गया था| वराहगिरि वेंकट गिरि ने अपने कार्यकाल के दौरान केरल, मैसूर और उत्तर प्रदेश में राज्यपाल के पद पर भी रह चुके हैं| और अंत 1980 में 23 जून को हार्ट अटैक आने से इनकी 85 साल उम्र में मृत्यु हो गई।

डॉ जाकिर हुसैन(1967-1969)

डॉ जाकिर हुसैन 13 मई 1967 में भारत के तीसरे राष्ट्रपति थे| इनका जन्म 8 फरवरी 1897 को हैदराबाद में हुआ था| डॉ जाकिर हुसैन भारत के पहले मुस्लिम राष्ट्रपति थे और इनकी मृत्यु 3 मई 1969 को इनके राष्ट्रपति के पद पर रहते हुए ही हुई थी। और वह राष्ट्रपति कार्यकाल में मरने वाले भारत के पहले राष्ट्रपति थे|  वह सबसे कम समय तक सेवा करने वाले और पहले मुस्लिम प्रेसीडेंट भी थे

आपको अधिक जानकारी के लिए बताना चाहेंगे कि दिल्ली में स्थित जामिया मिलिया इस्लामिया डॉ जाकिर हुसैन ने की थी| डॉ साहब एक कला प्रेमी और साहित्य प्रेमी थे| डॉ जाकिर हुसैन ने अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के उप-कुलपति के पद पर भी काम किया हुआ था|  फिर 1954 में उन्हें  पद्म विभूषण और 1964 में भारत रत्न पुरस्कार से सम्मानित किया गया| 

डॉक्टर सर्वपल्ली राधाकृष्णन (1962-1967)

डॉक्टर सर्वपल्ली राधाकृष्णन 13 मई साल 1962 में भारत के दूसरे राष्ट्रपति बने| इनका जन्म 5 सितंबर 1888 को तमिलनाडु के एक छोटे से गांव में हुआ था| उन्होंने अपनी प्रारंभिक और माध्यमिक शिक्षा के अलावा 1906 में दर्शनशास्त्र से एमए की पढ़ाई पूरी की थी। राधाकृष्णन एक प्रसिद्ध दार्शनिक और लेखक भी थे| डॉक्टर सर्वपल्ली राधाकृष्णन एक बहुत अच्छे शिक्षक भी थे और इसलिए 5 सितंबर को भारत में हर साल शिक्षक दिवस के रूप में मनाया जाता है| 

डॉक्टर सर्वपल्ली राधाकृष्णन ने इसके अलावा आंध्र विश्वविद्यालय और बनारस हिंदू विश्वविद्यालय के कुलपति का पद भी संभाला था|  इसके बाद उन्होंने 1947 से लेकर 1949 भारत के संविधान निर्माण सभा में भी काम किया था| इसके अलावा उन्हें इंग्लैंड सरकार द्वारा आर्डर ऑफ मेरिट पुरस्कार के साथ सम्मानित किया गया था| और डॉक्टर सर्वपल्ली राधाकृष्णन भारत के एक ऐसे राष्ट्रपति थे जिन्हें 1954 में राष्ट्रपति बनने से पहले ही भारत रत्न पुरस्कार के साथ सम्मानित किया गया था| और अंत 17 अप्रैल 1975 को इनकी मृत्यु हो गयी थी।

डॉ राजेंद्र प्रसाद(1950-1952)

डॉ राजेंद्र प्रसाद आजाद भारत के पहले राष्ट्रपति  बने थे| डॉ राजेंद्र प्रसाद 26 जनवरी 1950 को भारत के पहले राष्ट्रपति बने थे| इनका जन्म 3 दिसंबर 1884 में भारत के बिहार में हुआ था। डॉ राजेंद्र प्रसाद राष्ट्रपति बनने से पहले बिहार में एक वकील थे और फिर वह भारत के राष्ट्रपति बने थे| डॉ राजेंद्र प्रसाद भारत के सबसे लम्बे समय तक सेवा करने वाले राष्ट्रपति थे| उन्होंने अपने कार्यकाल के दौरान दो या दो से अधिक कार्यकालों के लिए एकमात्र अध्यक्ष थे और वह भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान एक स्वतंत्रता सेनानी भी रह चुके थे| 

भारत के संविधान निर्माण मे डॉ भीमराव अंबेडकर के अलावा डॉ राजेंद्र प्रसाद ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी और वह भारतीय संविधान सभा के अध्यक्ष भी बने थे और भारतीय स्वाधीनता आंदोलन के प्रमुख नेता भी थे| इसके अलावा 1934 में मुंबई में कांग्रेस के अध्यक्ष बने और फिर 1942 में डॉ राजेंद्र प्रसाद ने भारत छोड़ो आंदोलन में भी भाग लिया था। और अंत 28 फरवरी 1963 को डॉ राजेंद्र प्रसाद का निधन हो गया था।

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भारत की कुल जनसंख्या कितनी है 2021 और भारत के कोनसे राज्य में जनसंख्या कितनी है?

राष्ट्रपति का चुनाव कैसे होता है?

हम आपको बताना चाहेंगे की भारत में राष्ट्रपति का चुनाव हम लोगों के द्वारा नहीं किया जाता हम लोग सिर्फ अपना वोट देकर सांसद का चुनाव करते है और वह सांसद आगे जा कर आपस में मिलकर भारत के राष्ट्रपति का चुनाव करते है|

भारत के राष्ट्रपति की सैलरी (वेतन) कितनी है?

जैसे जानते है राष्ट्रपति का पद एक सर्वोच्च पद होता है परन्तु इनको मिलने वाली सैलरी इनके पद के हिसाब से बहुत काम होती है| इनकी सैलरी इतनी कम होती है की कुछ दूसरे सरकारी कर्मचारियों की सैलरी भी इनसे ज्यादा होती है| पहले इनको 1.5 लाख प्रति महीना सैलरी मिलती थी जिसे  देखते हुए बाद में पूर्व वित् मंत्री अरुण जेटली ने बजट पास किया तो 2017 में इनकी सैलरी को बढ़ाकर 5 लाख प्रति महीना कर दिया गया| 

इसके अलावा राष्ट्रपति को मिलने वाली सुविधाएं जैसे की चिकित्सा, निवास, सुरक्षा, वाहन और दूरभाष को भी शामिल कर लिया गया इसके अलावा राष्ट्रपति को दी जाने वाली सुविधाओं पर खर्च करने वाले लोगो के लिए भी सरकार एक अलग बजट बनाती है| 

भारत के राष्ट्रपति के लिए पात्रता मापदंड क्या होने चाहिए?

भारत का राष्ट्रपति बनने के लिए भारतीय संविधान के अनुच्छेद 58 के अनुसार भारत के राष्ट्रपति के लिए पात्रता नियम का विवरण इस प्रकार है| 

  • वह भारत का नागरिक होना चाहिए|
  • उसकी उम्र कम से कम 35 साल होनी चाहिए| 
  • राष्ट्रपति को भारतीय लोक सभा का सदश्य होना चाहिए और उसे चुनाव में खड़े होने के लिए योग्य होना चाहिए| 
  • भारत का राष्ट्रपति बनने के लिए उसे राज्य सरकार, और अन्य स्थानीय प्राधिकारियों के अनुसार लाभ का कोई कार्यालय नहीं होना चाहिए| 

तो अब आप जान चुके है कि भारत के राष्ट्रपति कौन है और कुल कितने राष्ट्रपति थे ये साडी जानकारी आपको हमने अपने इस पोस्ट के जरिये प्रदान की है| हम उम्मीद करते है की हमारे द्वारा दी गयी जानकारी आपके लिए लाभदायक होगी और उम्मीद करते है कि ऐसी महत्वपूर्ण जानकारी के लिए आप हमारे साथ ऐसे ही जुड़े रहेंगे| 

FAQ (Frequently Asked Questions)

भारत के सबसे कम उम्र के राष्ट्रपति कौन थे ?

भारत के सबसे कम उम्र के राष्ट्रपति नीलम संजीव रेड्डी थे वह 64 साल की उम्र मे भारत के राष्ट्रपति बने थे।

पहली बार राष्ट्रीय शिक्षा नीति कब बनी थी ?

पहली बार राष्ट्रीय शिक्षा नीति 1968 में बनी थी ?

भारत के राष्ट्रपति का कार्यकाल क्या है?

अनुछेद 56 के अनुसार भारत के राष्ट्रपति 5 साल तक अपने पद पर नियुक्त रह सकते है| 

भारत की पहली महिला राष्ट्रपति कौन थी?

भारत की पहली महिला राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल थी| 

भारत के राष्ट्रपति की नियुक्ति कौन करता है?

भारत के राष्ट्रपति को भारतीय संविधान के अनुच्छेद 55 द्वारा नियुक्त किया जाता है जिसमें प्रत्येक मतदाता अपना वोट डालते है| 

भारत के वर्तमान राष्ट्रपति कौन है?

भारत के वर्तमान राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद है| 

India (भारत) के राष्ट्रपति का नाम 2020 क्या था ?

India (भारत) के राष्ट्रपति का नाम राम नाथ कोविंद था| 

भारत के उपराष्ट्रपति कौन है 2020 ?

भारत के उपराष्ट्रपति मुप्पवरपु वेंकैया नायडू है| 

अमेरिका का राष्ट्रपति कौन है ?

अमेरिका का राष्ट्रपति जो बाइडन है| 

भारत के उपराष्ट्रपति  का क्या नाम है ?

भारत के उपराष्ट्रपति का नाम मुप्पवरपु वेंकैया नायडू है|

भारत के प्रथम राष्ट्रपति कौन है?

भारत के प्रथम राष्ट्रपति डॉ राजेंद्र प्रसाद है| 

भारत के 2021 राष्ट्रपति कौन है?

भारत के 2021 राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद है| 

भारत के प्रथम उपराष्ट्रपति कौन है?

भारत के प्रथम उपराष्ट्रपति सर्वपल्ली राधाकृष्णन है| 

भारत का 14वा राष्ट्रपति कौन है?

भारत का 14वा राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद है| 

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Rohit Kumar
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